Dimagi Naxal Party : बता दें कि प्रधानमंत्री के 'दिमागी नक्सल' शब्द का प्रयोग करने के एक दिन बाद ही अब सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देखने को मिली है। इस शब्द पर एक व्यंग्यात्मक पार्टी सामने आई है। इस पार्टी का नाम 'दिमागी नक्सल पार्टी' रखा गया है। इंस्टाग्राम पर बने इस पेज पर सिर्फ 3 दिनों में 5,64,000 से ज्यादा फॉलोअर्स हो गए हैं।

वहीं इंस्टाग्राम और एक्स पर पार्टी के बायो में लिखा है, इसका मोटो है - सोचो, रिसर्च करो और विरोध करो। इंस्टाग्राम बायों में लिखा है कि पार्टी के फाउंडर एक 'दिमागी भारतीय' है। जबकि को-फाउंडर 56 इंच का है। हालांकि इंस्टाग्राम अकाउंट किस तारीख को बनाया गया था, यह पता नहीं चल पाया है। लेकिन यह अकाउंट अगस्त 2026 में ही बनाया गया है।

'दिमागी नक्सल पार्टी' ने लगाया साइबर अटैक का आरोप

बता दें कि कथित सोशल मीडिया पार्टी ने सोमवार को आरोप लगाया है कि उसके इंस्टाग्राम अकाउंट पर साइबर अटैक हुआ है। उन्होंने एक्स पर लिखा कि, 'हमारे इंस्टाग्राम अकाउंट के खिलाफ साइबर अटैक हुआ है। देखते है कि वे हमारी आवाज दबाने में कामयाब होते है या नहीं। '

वहीं अपनी आइडियोलॉजी जाहिर करते हुए लिखा है कि वह भगत सिंह की विचारधारा को मानने वाले हैं। पोस्ट में लिखा है कि हम भगत सिंह के फॉलोअर्स है। अगर वे हमारे अकाउंट को सस्पेंड करते हैं या हमें एंटी नेशनल कहने की कोशिश करते है तो आप जान लें कि वे भगत सिंह की बेइज्जती कर रहे हैं।

पीएम मोदी के भाषण के बाद सामने आया घटनाक्रम

जब लाल किले से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस के मौके पर देश के नाम अपना भाषण दिया। तब भाषण के दौरान उन्होंने दिमागी नक्सल कहे जाने वाले लोगों के खिलाफ चेतावनी दी। 

उन्होंने कहा था कि सरकार ने हथियार माओवादियों के खिलाफ जीत हासिल कर ली है। लेकिन इस विचारधारा से सहानुभूति रखने वाले लोग अभी भी युवाओं को प्रभावित करने ओर ब्रेनवॉश करने के मौके ढूंढ रहे हैं। उन्होंने ऐसे दिमागी नक्सल की पहचान करने और उन्हें अलग करने की अपील की है।