Rudraprayag News: उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में चारधाम यात्रा मार्ग पर स्थित नगरासू का गुरुद्वारा इन दिनों पूरे देश में चर्चा का विषय बना हुआ है। बीते 20 जून से शुरू हुआ विवाद अब तीसरे दिन में प्रवेश कर चुका है। हालांकि प्रशासन और निहंग सिखों के बीच लगातार चल रही वार्ता के बाद स्थिति में कुछ सुधार देखने को मिला है और दो निहंग सिख गुरुद्वारे की छत से नीचे उतर चुके हैं।

पूरा मामला 16 जून को कर्णप्रयाग में हुई तलवारबाजी की घटना से जुड़ा बताया जा रहा है। उस घटना में चार निहंग सिखों की गिरफ्तारी के बाद विरोध स्वरूप कुछ निहंग नगरासू स्थित गुरुद्वारा दमदमा साहिब पहुंच गए और छत पर डेरा डाल दिया। इसके बाद पुलिस और प्रशासन हरकत में आया और इलाके में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई।

आखिर जानिए नगरासू गुरुद्वारा मामले की पूरी अपडेट 

गुरुद्वारे के आसपास पुलिस, आईटीबीपी और अन्य सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी विशाल मिश्रा और पुलिस अधीक्षक निहारिका तोमर लगातार मौके की निगरानी कर रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि विवाद को बातचीत के माध्यम से सुलझाने की कोशिश की जा रही है और अब तक वार्ता सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ी है। सोमवार को दो निहगो के नीचे उतरने के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि जल्द ही शेष लोग भी शांतिपूर्ण तरीके से बाहर आ सकते हैं।

बंधक बनाए जाने के दावे पर बना हुआ है विवाद

घटना के दौरान गुरुद्वारा प्रबंधन की ओर से एक बुजुर्ग व्यक्ति को बंधक बनाए जाने का आरोप लगाया गया था। हालांकि जिला प्रशासन ने इस दावे को खारिज करते हुए कहा है कि गुरुद्वारे पर किसी प्रकार का कब्जा नहीं हुआ है और किसी को बंधक बनाए जाने की पुष्टि नहीं हुई है।यही कारण है कि घटना को लेकर अलग-अलग पक्षों के बयान सामने आ रहे हैं, जिससे कई सवाल अभी भी बने हुए हैं।

चारधाम यात्रा नहीं हुई प्रभावित 

नगरासू गुरुद्वारा बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित है और यहां रोजाना हजारों श्रद्धालु पहुंचते हैं। विवाद के बावजूद चारधाम यात्रा और बदरीनाथ हाईवे पर यातायात सामान्य बना हुआ है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। हालांकि गुरुद्वारे में श्रद्धालुओं की संख्या कम होने से लंगर व्यवस्था प्रभावित हुई है और खाद्य सामग्री खराब होने की भी खबरें सामने आई है।

प्रशासन ने बंद की इंटरनेट सेवा

तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने एहतियातन कर्णप्रयाग और आसपास के कुछ क्षेत्रों में इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी थीं। बाद में स्थिति नियंत्रण में आने पर सेवाएं बहाल कर दी गईं।

अब क्या है वर्तमान स्थिति 

फिलहाल नगरासू गुरुद्वारे में स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है। कोई जनहानि या गंभीर घायल होने की सूचना नहीं है। प्रशासन का पूरा फोकस शांतिपूर्ण समाधान पर है और सुरक्षा एजेंसियां लगातार निगरानी बनाए हुए हैं।अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि चल रही बातचीत कब अंतिम नतीजे तक पहुंचती है और नगरासू का यह विवाद पूरी तरह समाप्त होता है।