उत्तराखंड में तीसरी राजनीति धारा की कोशिश के तहत बनाए गए स्वाभिमान मोर्चा संगठन में बड़ी दरार उभरकर सामने आई है। बेरोजगार संघ के पूर्व अध्यक्ष बॉबी पंवार के नेतृत्व में गठित इस संगठन में अब मतभेद खुलकर सामने आ गए हैं। संगठन के संस्थापक बॉबी पंवार और भू कानून मूल निवास समन्वय समिति के पूर्व संयोजक मोहित डिमरी अब अलग-अलग राह पर चल पड़े हैं।
मिली जानकारी के मुताबिक, स्वाभिमान मोर्चा की ओर से मोहित डिमरी को एक कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था, जिसके बाद उन्हें महासचिव पद से हटा दिया गया। संगठन के इस निर्णय ने अंदरूनी खींचतान को और भी स्पष्ट कर दिया है।
दूसरी ओर, मोहित डिमरी ने एक इंटरव्यू में कहा कि उन्हें खुद नहीं पता कि आखिर उन्हें कारण बताओ नोटिस क्यों भेजा गया। उन्होंने आरोप लगाया कि संगठन जिन उद्देश्यों के लिए बनाया गया था, अब उसके कुछ पदाधिकारी भटक गए हैं। डिमरी ने कहा, “जिस दिशा में संगठन को ले जाया जा रहा है, वह उसके मूल उद्देश्य से बिलकुल अलग है, इसलिए जो हुआ वह अच्छा ही हुआ।
बॉबी पंवार के नेतृत्व में उत्तराखंड स्वाभिमान मोर्चा को प्रदेश में तीसरे राजनीतिक विकल्प के रूप माना जा रहा था, लेकिन शुरुआती महीनों में ही अंदरूनी मतभेदों के कारण संगठन अब कमजोरी की ओर बढ़ता दिख रहा है। वहीं अब मोहित डिमरी के बाहर होने पर अंदरुनी कलह भी सामने आ रही है।