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ईरान में विरोध प्रदर्शन तेज़, खामेनेई ने दुश्मनों से न झुकने की कसम खाई

Authored by: Bhupendra Panwar
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Published on: 4 जनवरी 2026, 8:10 पूर्वाह्न IST
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ईरान में विरोध प्रदर्शन तेज़, खामेनेई ने दुश्मनों से न झुकने की कसम खाई

ईरान में पिछले कुछ सप्ताह से चल रहे विरोध प्रदर्शन ने अब और ज्यादा उग्र रूप ले लिया है। देश के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई ने हाल ही में एक टीवी भाषण में कहा कि इस्लामिक गणराज्य कभी भी दुश्मनों के आगे नहीं झुकेगा। ये प्रदर्शन आर्थिक संकट, बेरोजगारी और महिलाओं के अधिकारों जैसे मुद्दों पर केंद्रित हैं, जो अब घातक हिंसा में बदल चुके हैं। हजारों लोग सड़कों पर उतर आए हैं, और सरकार की ओर से सख्त कार्रवाई की जा रही है।

ईरान में विरोध प्रदर्शन की शुरुआत और कारण

ये विरोध प्रदर्शन दिसंबर 2025 के अंत में शुरू हुए, जब ईरान की अर्थव्यवस्था में लगातार गिरावट आई। पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोतरी, मुद्रास्फीति और अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों के कारण आम लोगों का जीवन मुश्किल हो गया है। महिलाओं के हिजाब कानून को लेकर भी असंतोष बढ़ा है, जो 2022 के महसा अमीनी मामले की याद दिलाता है। प्रदर्शनकारी नारे लगा रहे हैं “महिला, जीवन, आजादी” और सरकार से सुधार की मांग कर रहे हैं।

शुरुआत में शांतिपूर्ण रहे ये प्रदर्शन अब हिंसक हो चुके हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, दर्जनों लोग मारे जा चुके हैं, और सैकड़ों गिरफ्तार हो चुके हैं। तेहरान, इस्फहान और मशहद जैसे बड़े शहरों में झड़पें हो रही हैं, जहां पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच संघर्ष बढ़ गया है। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिनमें लोग सरकार विरोधी नारे लगा रहे हैं।

खामेनेई ने दी दुश्मनों को चेतावनी

खामेनेई ने सख्त कार्रवाई का संकेत दिया और कहा कि दंगाइयों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने ईरानी लोगों से एकजुट होने की अपील की और कहा कि देश की सुरक्षा सर्वोपरि है। ये बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिका ने ईरान पर नए प्रतिबंध लगाने की धमकी दी है, और पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी सोशल मीडिया पर ईरान को चेतावनी दी है।

अमेरिका ने दी प्रतिक्रिया

अमेरिका ने प्रदर्शनों पर चिंता जताई है और कहा है कि अगर ईरान शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर हिंसा करेगा तो कड़ी कार्रवाई होगी। यूरोपीय संघ और संयुक्त राष्ट्र भी स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। मानवाधिकार संगठन जैसे एमनेस्टी इंटरनेशनल ने ईरान सरकार की आलोचना की है और कहा है कि प्रदर्शनकारियों के अधिकारों का सम्मान किया जाए।

ईरान ने इन आरोपों को खारिज किया है और कहा है कि ये उसके आंतरिक मामलों में दखल है। खामेनेई के सलाहकार ने भी कहा है कि अगर अमेरिका हस्तक्षेप करेगा तो मजबूत जवाब दिया जाएगा।

ईरान में ये प्रदर्शन कितने लंबे चलेंगे, ये कहना मुश्किल है। अगर सरकार सुधार नहीं करती तो स्थिति और बिगड़ सकती है। आर्थिक संकट के चलते लोगों का गुस्सा बढ़ रहा है, और अंतरराष्ट्रीय दबाव भी कम नहीं हो रहा। लेकिन खामेनेई का सख्त रुख दिखाता है कि सरकार पीछे हटने को तैयार नहीं।

About the Author
Bhupendra Panwar
Bhupendra Singh Panwar is a dedicated journalist reporting on local news from Uttarakhand. With deep roots in the region, he provides timely, accurate, and trustworthy coverage of events impacting the people and communities of Uttarakhand. His work focuses on delivering verified news that meets high editorial standards and serves the public interest.
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